CM Sai Meeting: सीएम साय की बड़ी समीक्षा बैठक, शहरों में बेहतर सुविधाओं पर जोर, 240 ई-बसों से मजबूत होगा पब्लिक ट्रांसपोर्ट; अमृत मिशन की धीमी प्रगति पर जताई नाराजगी

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मंत्रालय महानदी भवन में नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग की समीक्षा बैठक की। बैठक में उन्होंने प्रदेश के शहरों में चल रहे विकास कार्यों, योजनाओं और नागरिक सुविधाओं की विस्तार से जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि विकास कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि शहरों का विकास सिर्फ सड़कों और इमारतों तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि नागरिकों को स्वच्छता, पेयजल, बेहतर प्रकाश व्यवस्था, अच्छी सड़कें और सुगम परिवहन जैसी मूलभूत सुविधाएं समय पर मिलनी चाहिए।
बैठक में उप मुख्यमंत्री और नगरीय प्रशासन मंत्री अरुण साव, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह समेत विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी योजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग होनी चाहिए और निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाए।
38 नगरीय निकायों में बनेंगे आधुनिक नालंदा परिसर
मुख्यमंत्री साय ने युवाओं के लिए तैयार किए जा रहे सेंट्रल लाइब्रेरी सह रीडिंग जोन ‘नालंदा परिसर’ की प्रगति की समीक्षा की। अधिकारियों ने बताया कि प्रदेश के 38 नगरीय निकायों में इन परिसरों के निर्माण को मंजूरी दी गई है, जिनमें 31 स्थानों पर काम जारी है।
सीएम साय ने निर्देश दिए कि निर्माणाधीन नालंदा परिसरों का काम जल्द पूरा किया जाए, ताकि युवाओं को पढ़ाई के लिए आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हो सकें। उन्होंने रायपुर में बन रहे नालंदा परिसर की प्रगति की भी जानकारी ली।
सुनियोजित विकास और बेहतर ट्रैफिक व्यवस्था पर फोकस
मुख्यमंत्री ने नगरोत्थान योजना की समीक्षा करते हुए कहा कि शहरों का विकास भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखकर किया जाना चाहिए। बैठक में बताया गया कि 14 नगर निगम क्षेत्रों में सड़क चौड़ीकरण, फ्लाईओवर, बाईपास, सर्विस लेन और अंडरपास जैसे कार्यों पर काम किया जा रहा है।
सीएम ने कहा कि नागरिकों को बेहतर सुविधाएं देना सरकार की प्राथमिकता है। पेयजल, सफाई और स्ट्रीट लाइट जैसी सेवाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए।
रायपुर की उपलब्धि पर सीएम ने दी बधाई
बैठक में रायपुर नगर निगम के प्रदर्शन की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि स्वच्छ वायु सर्वेक्षण-2026 में 10 लाख से ज्यादा आबादी वाले शहरों की श्रेणी में रायपुर ने देश में छठा स्थान हासिल किया है।
मुख्यमंत्री साय ने इस उपलब्धि के लिए नगर निगम और विभागीय टीम को बधाई दी। उन्होंने शहरों में हरित क्षेत्र बढ़ाने, नए उद्यान विकसित करने और बड़े स्तर पर पौधरोपण अभियान चलाने के निर्देश दिए।
240 ई-बसों से बदलेगी शहरी परिवहन व्यवस्था
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री ई-बस सेवा की तैयारियों की भी समीक्षा की। अधिकारियों ने बताया कि रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग और कोरबा में कुल 240 ई-बसों के संचालन की तैयारी की जा रही है। इसके लिए जरूरी अधोसंरचना का काम मार्च 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
सीएम साय ने कहा कि ई-बस सेवा से नागरिकों को आधुनिक और पर्यावरण के अनुकूल सार्वजनिक परिवहन सुविधा मिलेगी। उन्होंने सभी संबंधित कार्यों को समय सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए।
प्रधानमंत्री आवास योजना में तेजी लाने के निर्देश
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी की समीक्षा करते हुए कहा कि पात्र हितग्राहियों को जल्द से जल्द आवास उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने आवास निर्माण, आवंटन और व्यवस्थापन की प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश अधिकारियों को दिए।
अमृत मिशन की धीमी प्रगति पर सीएम नाराज
अमृत मिशन 2.0 की समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री ने लंबित कार्यों की धीमी गति पर नाराजगी जताई। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शहरी क्षेत्रों में शत-प्रतिशत पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित की जाए और अधूरे प्रोजेक्ट को मिशन मोड में पूरा किया जाए। सीएम ने सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट में आधुनिक तकनीक और बेहतर गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
8 नगरीय निकायों में बनेंगे CBG प्लांट
बैठक में अधिकारियों ने बताया कि प्रदेश के 8 नगरीय निकायों में करीब 800 करोड़ रुपये की लागत से कम्प्रेस्ड बायो गैस (CBG) प्लांट स्थापित किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वच्छ ऊर्जा और कचरा प्रबंधन से जुड़े प्रोजेक्ट को प्राथमिकता दी जाए।
शिकायतों के त्वरित समाधान और राजस्व बढ़ाने पर जोर
मुख्यमंत्री साय ने मुख्यमंत्री हेल्पलाइन से जुड़ी शिकायतों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि आम जनता की समस्याओं का संवेदनशीलता के साथ जल्द समाधान किया जाए।
उन्होंने नगरीय निकायों को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए टैक्स कलेक्शन बढ़ाने और बेहतर प्रदर्शन करने वाले निकायों को प्रोत्साहित करने की व्यवस्था विकसित करने को कहा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की योजनाओं का असर जमीन पर दिखाई देना चाहिए। विकास कार्यों की गुणवत्ता, समयबद्धता और नागरिकों की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए सभी विभागों को काम करना होगा।
Source: Nishaanebaz


