छत्तीसगढ़ की सरकारी योजना पर उठे सवाल! कुछ महीनों में ही खराब हो गे मंगलसूत्र, महिला मन भडकीन
Chhattisgarh Government Scheme : मनेंद्रगढ़/मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर: छत्तीसगढ़ के मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर (MCB) जिला म मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत बांटे गे मंगलसूत्र मन ला लेके बड़ बिवाद खड़ा हो गे हे। योजना के लाभ उठाएइया महिला मन के अरोप हे कि बिहाव के कुछे महीना बाद मंगलसूत्र के रंग ह करिया परे बर धर लिस। जब एकर जांच कराये गिस त पिसान फट गे कि चांदी के जघा म घटिया धातु (गिलट) के प्रयोग करे गे रीहिस। ए खुलासा के बाद महिला मन म भारी गस्सा हे अउ ओमन सामन के क्वालिटी ऊपर सवाल उठावत हें। अब ए पूरा मामला म जांच अउ कारबाही के मांग तेज हो गे हे।
मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना: 189 जोड़ा मन के होय रीहिस बिहाव
बीते 10 फरवरी के आयोजित ए सामूहिक बिहाव कार्यक्रम म कुल 189 जोड़ा मन के बिहाव कराये गे रीहिस। ए बखत सरकार कोति ले नवा जोड़ा मन ला उपहार के रूप म कतकोन किसम के सामन दिये गे रीहिस, जेमा मंगलसूत्र घलो सामिल रीहिस। अब इही मंगलसूत्र ला लेके बड़ बबाल मचे हे।
‘कुछे महीना म बदले बर धर लिस रंग’
लाभ पाएइया महिला मन के कहना हे कि ओमन ला बताये गे रीहिस कि सामूहिक बिहाव म जो मंगलसूत्र दिये जात हे, ओहा चांदी के आय। मंदुक कुछे महीना के भीतर ओकर रंग ह बदले बर धर लिस अउ ओहा करिया पर गे। एखर से महिला मन के संसो अउ बाढ़ गे कि बांटे गे सामन ह सही क्वालिटी के नई रीहिस। ओकर मन के अरोप हे कि योजना के तहत दिये गे सामन मन म पारदर्शिता अउ क्वालिटी के कतको धियान नई रखे गिस, जेकर से ओमन बड़ असंतुष्ट हें। मामला ला लेके हितग्राही मन म नाराजगी बाढ़त जावत हे अउ जांच के मांग करे जात हे।
हितग्राही मन म भारी गुस्सा
कतकोन लाभ पाएइया महिला मन कहिन कि सरकारी योजना मन के मतलब गरीब अउ जरूरतमंद मन के मदद करना होते, मंदुक ए मामला म दिये गे सामन के क्वालिटी ऊपर कोनो धियान नई दिये गिस। ओमन के अरोप हे कि यदि ओमन ला सामन के जघा म नगद पैसा दे देतेन, त ओमन अपन पसंद अउ भरोसा के हिसाब से बने सामन खरीद लेतेन। महिला मन के कहना हे कि अइसन गड़बड़ी से सरकारी योजना मन के भरोसा ऊपर सवाल उठथे अउ आगू अइसन गलती ले बचे बर कड़ा निगरानी जरूरी हे।
बिपक्ष ह उठाईस सवाल
ए मामला के आगू आय के बाद अब राजनीति घलो गरमा गे हे। बिपक्ष ह ए पूरा मामला के निष्पक्ष जांच के मांग करे हे। ओमन के कहना हे कि यदि अरोप सही पाय जाही त जिम्मेदार अधिकारी अउ सामन सप्लायर मन ऊपर कड़ा एक्शन होना चाही। अभी ए पूरा मामला जांच के घेरा म हे। उहंचे प्रशासन कोति ले कहे गे हे कि सिकायत के जांच करे जाही अउ यदि कोनो भी जगह म लापरवाही मिलही त ओकर ऊपर उचित कारबाही करे जाही।



