पापुनि मा 192 करोड़ के भारी गड़बड़ी: राज्य संपरीक्षा रिपोर्ट मा खुलासा, कागज़-पुस्तक छपाई मा 30 करोड़ के चपत
CG Text Book Corporation Audit Scam : रायपुर: छत्तीसगढ़ पाठ्य पुस्तक निगम (पापुनि) मा करोड़ों के भारी वित्तीय गड़बड़ी अउ धांधली के पोल खुल गे हावै। राज्य संपरीक्षा के वार्षिक रिपोर्ट 2024-25 मा पापुनि के कामकाज अउ तरीका ऊपर संगीन सवाल उठाए गे हावै। वित्तीय वर्ष 2017-18 ले 2019-20 के बीच ऑडिट मा कुल 9 ठन बड़ आपत्ति दर्ज करे गे हावै, जेमा कुल 192 करोड़ 34 लाख 95 हज़ार 595 रूपिया के घपला-गड़बड़ी अउ अनियमितता सामने आए हावै।
रिपोर्ट के मुताबिक, बैंक खाता चलाए ले लेके अनुदान बांटे, छपाई के भुगतान करे अउ गाड़ी किराया बांटे तक मा भारी मनमानी करे गे हावै। जरूरत ले ज़्यादा किताब मन के छपाई करा के ही 30.10 करोड़ रूपिया के चपत लगाए गे हावै।
बिना दस्तखत के बांटे गिन चेक, नियम-कायदा के उड़ीस धज्जियां
संपरीक्षा रिपोर्ट मा सबले बड़ आपत्ति 72.05 करोड़ रूपिया के हावै, जेमा सक्षम अधिकारी के संयुक्त दस्तखत (साइन) के बिना ही चेक मन ले धड़ाधड़ भुगतान कर दिए गिस। एखर अलावा छपाई काम बर सामग्री खरीद नियम-2002 ला ठेंगा देखावत 69.84 करोड़ रूपिया के भुगतान करे के गड़बड़ी मिले हावै। निगम हा कई ठन मनमर्जी संस्था अउ मनखे मन ला स्वेच्छानुदान बांट के निधि के गलत इस्तेमाल करिस, जेकर ले 96.13 लाख रूपिया के नुकसान होइस। उहें ग्रीन बोर्ड अउ साइन बोर्ड खरीदे मा नियम-कायदा ला भुला के 6.70 करोड़ रूपिया फूंक दिए गिन।
बिना एंट्री के खर्च करे गिन 8.50 करोड़ रूपिया
ऑडिट मा ए बात के घलो खुलासा होए हावै कि 8.50 करोड़ रूपिया के राशि ला खाता-बही (लेखा) मा दर्ज करे बिना ही खर्च कर दिए गिस, जेखर ले डबल खर्चा (द्वितीय व्ययन) के आसंका हावै। एखर साथ-साथ बिना सरकारी मंजूरी के अधिकारी-कर्मचारी मन के तामझाम अउ सुविधा बर 34.10 लाख रूपिया अउ गाड़ी किराया मद मा नियम विरुद्ध 55.90 लाख रूपिया उड़ाए गिन।
5 साल हो गे पर नइ दीस कोई जवाब
मार्च 2022 मा ऑडिट रिपोर्ट जारी होए के बाद घलो पाठ्य पुस्तक निगम हा 5 साल बीत जाए के बाद भी कोई पालन प्रतिवेदन (जवाब) नइ दीस। राज्य संपरीक्षा हा फरवरी अउ अप्रैल 2026 मा चिट्ठी भेज के जवाब मांगे राहिस, पर कोई जवाब नइ आए के बाद ए सब आपत्ति मन ला वार्षिक रिपोर्ट मा शामिल करे गिस।
बड़ आपत्ति मन ऊपर एक नज़र:
बिना दस्तखत चेक संचालन: 72.05 करोड़
छपाई सामग्री खरीद मा गड़बड़ी: 69.84 करोड़
ज़रूरत ले ज़्यादा पुस्तक छपाई: 30.10 करोड़
खाता मा दर्ज करे बिना खर्च: 8.50 करोड़
साइन बोर्ड खरीद मा अनियमितता: 6.70 करोड़
बैंक समाधान पत्रक के अभाव: 3.29 करोड़
अनुदान वितरण मा निधि के दुरुपयोग: 96.13 लाख
वाहन किराया मा नियम विरुद्ध भुगतान: 55.90 लाख
अधिकारी-कर्मचारी मन ऊपर बिना मंजूरी खर्च: 34.10 लाख



