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छत्तीसगढ़ म अब बिना NEET के पैरामेडिकल म नई मिलय एडमिशन, नवा सत्र ले नियम लागू

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छत्तीसगढ़ म अब बिना NEET के पैरामेडिकल म नई मिलय एडमिशन, नवा सत्र ले नियम लागू

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CG Paramedical NEET Rule : रायपुर : छत्तीसगढ़ म पैरामेडिकल कोर्स म दाखिला लेवे के राह देखत छात्र मन बर एक बड़ खबर निकलके आगू आई हे। अब नवा शैक्षणिक सत्र 2026-27 ले प्रदेश के 10 बड़े पैरामेडिकल कोर्स म एडमिशन बर नीट-यूजी (NEET UG) परीक्षा ल पास करना जरूरी कर दे गे हे। नेशनल कमीशन फॉर एलाइड एंड हेल्थकेयर प्रोफेशंस ह ये नवा नियम ल छत्तीसगढ़ समेत पूरा देश म लागू कर दे हे।

2 साल ले ‘जीरो ईयर’ होए के सेती छात्र मन के होइस नुकसान
बता दन कि चिकित्सा शिक्षा विभाग के लापरवाही के सेती पिछले दो साल (सत्र 2024 अउ 2025) म पैरामेडिकल म एडमिशन नहीं हो पाईस, जेकर सेती कतकोन होनहार लइका मन के साल खराब हो गे अउ ककरो मन ल मजबूरी म बिना मान्यता वाले प्राइवेट कॉलेज म जाना पड़िस। अब 21 जून के होए री-नीट के रिजल्ट ह इही महीना के आखिरी तक आ सकत हे, जेकर तुरंत बाद ऑनलाइन काउंसिलिंग सुरू कर दिए जाही।

फर्जी अउ एक-एक कमरा म चलइया कॉलेज मन पर लगही लगाम
नवा नियम आए के बाद अब कोई भी सरकारी या प्राइवेट कॉलेज अपन मर्जी से कोनो भी छात्र ल सीधे (डायरेक्ट) एडमिशन नहीं दे सकही। पहिली विभाग ह बीपीटी के 300 अउ पैरामेडिकल के 250 सीट मन म मेरिट के आधार पर एडमिशन देवत रीहिस, पर अब बिना नीट पास करे दाखिला मिलना असंभव हे। एकर सेती एक-एक कमरा म बिना मान्यता के चलत फर्जी पैरामेडिकल कॉलेज मन ऊपर पूरी तरह ले रोक लग जाही।

बीपीटी म अब 6 महीना के जगह 1 साल के इंटर्नशिप
नवा नियम म पढ़ाई के स्तर ल सुधारे बर बैचलर ऑफ फिजियोथैरेपी (BPT) कोर्स के इंटर्नशिप के समे ल 6 महीना ले बढ़ाके अब सीधा 12 महीना (एक साल) कर दे गे हे। एकर संग-संग, अब मेडिकल कॉलेज मन के तर्ज पर इंफ्रास्ट्रक्चर अउ फैकल्टी के कड़ा नियम पूरा करे के बाद ही कोनो कॉलेज ल मान्यता मिलही।

ये 10 मुख्य कोर्स मन बर बदले हे नियम:
बैचलर ऑफ फिजियोथैरेपी अउ ऑक्यूपेशनल थैरेपी।

मेडिकल लेबोरेटरी, बायोटेक्नोलॉजिस्ट, बायो केमिस्ट अउ माइक्रोबायोलॉजिस्ट।

ट्रॉमा, बर्न व सर्जिकल एनेस्थीसिया टेक्नोलॉजी (ओटी अउ एंडोस्कोपी टेक्नीशियन)।

न्यूट्रिशनल साइंस (क्लीनिकल डायटिशियन अउ स्पोट्स न्यूट्रिशनिस्ट)।

ऑप्थेलमिक साइंस (ऑप्टोमेट्रिस्ट व ऑप्थेलमिक असिस्टेंट)।

कम्युनिटी केयर (साइकोलॉजिस्ट, सोशल वर्कर अउ काउंसलर)।

मेडिकल रेडियोलॉजी अउ इमेजिंग टेक्नोलॉजी (एमआरआई-सीटी टेक्नीशियन)।

मेडिकल टेक्नोलॉजिस्ट (बायोमेडिकल इंजीनियर अउ डायलिसिस टेक्नीशियन)।

हेल्थ इंफॉर्मेशन मैनेजमेंट (मेडिकल रिकॉर्ड एनालिस्ट)।

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OneCG एक्सक्लूसिव रिपोर्ट OneChhattisgarh.Com
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