सिलाई ट्रेनिंग के नांव मां छत्तीसगढ़ के 3 नोनी मन ला चेन्नई मां बनाइन बंधक, वीडियो जारी कर मांगिन मदद
Surguja girls hostage Chennai : अंबिकापुर। सरगुजा संभाग के सीतापुर, मैनपाट अउ जशपुर इलाका ले आए दिन मानव तस्करी के शिकायत मन अगोरा आवत रहिथे। नोनी मन ले लेके नान-नान लइका मन ला बने काम अउ रूपया-पैसा के लालच देके तस्कर मन बड़े सहर मन मां ले जाथें अउ ओ मन ला कोनो के हाथ बेच देथें या फेर घर वापस आवन नइ देवें। अइसने एक अउ नवा मामला सीतापुर ले अगोरा आए हे। इहां के 3 नोनी मन ला प्लेसमेंट के नांव मां सिलाई काम बर चेन्नई ले जाए गिस। अब ओ मन घर वापस आए बर चाहत हें, फेर ओ मन ला आवन नइ दिए जात हे। जे मन ओ नोनी मन ला उहां ले गे हें, ओ मन के कहना हे कि जदि घर जाना हे त प्रति नोनी 10-10 हजार रूपया देव अउ घर जाव। अब नोनी मन ह वीडियो बनाके मदद के गुहार लगाए हें। वीडियो ला देखके सीतापुर विधायक ह मामला ला संज्ञान मां लेहे हें।
सरगुजा जिला के सीतापुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम पंचायत भरतपुर के बेलजोरा बिनई के रहइया 3 नोनी मन ह वीडियो जारी करे हें। वीडियो मां ओ मन कहत दिखत हें कि ओ मन ह जशपुर मां 3 महीना तक सिलाई के ट्रेनिंग ले रहिन। ओकर बाद ओ मन ला प्लेसमेंट के नांव मां नौकरी दिवाए बर चेन्नई के कांचीपुरम ले जाए गिस हे। इहां आके ओ मन फंस गए हें। ओ मन के कहना हे कि 2 नोनी अउ एक युवक डहर ले ओ मन ला इहां लाए गए हे। ओ मन ला पहिली कहे गिस रिहिस कि उहां जाके सब बने होही अउ जब तुमन के मन करही, घर लौट सकत हौ। अब ओ मन घर लौटना चाहत हें, फेर ओ मन ला उहां ले नइ छोड़े जात हे। नोनी मन के कहना हे कि जे मन ओ मन ला इहां लाए रिहिन, ओ मन ह अब फोन उठाना बंद कर दिए हें।
कछू दिन पहिली ओ मन ले गोठ-बात होए रिहिस त ओ मन कहिन कि जदि घर जाना चाहत हौ त प्रति नोनी 10-10 हजार रूपया देव अउ घर जाव। ओ मन कहत हें कि ओ मन के तबीयत घलो खराब हे, फेर ओ मन कइसे लौटें। ओ मन ह विधायक रामकुमार टोप्पो ले मदद के गुहार लगाए हें।
सीतापुर विधायक ले मिलिस आश्वासन
नोनी मन डहर ले जारी करे गए वीडियो जब सीतापुर विधायक रामकुमार टोप्पो के संज्ञान मां आईस, त ओ मन ह प्रशासन अउ पुलिस ला तुरंते एकर सूचना दिन। ओ मन ह प्रशासन अउ पुलिस ला चेन्नई मां फंसे तीनों नोनी मन ला जल्द से जल्द सुरक्षित वापस लाए के निर्देश दिए हें।
बता दन कि सीतापुर अउ मैनपाट क्षेत्र के कतको नोनी अउ बाबू मन मानव तस्करी के सिकार हो चुके हें, इहां मां कतको मन के त घर वापसी हो चुके हे, फेर कतको मन के अब तक कछू पता नइ चल पाए हे। ओ मन के दाई-ददा मन अब घलो ओ मन के वापस आए के बाट जोहत हें।



